– प्रेस क्लब भवन निर्माण की निविदा जारी होने पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी व सूचना विभाग का जताया आभार
देहरादून। उत्तरांचल प्रेस क्लब में हिंदी पत्रकारिता दिवस के अवसर पर संगोष्ठी एवं पत्रकार सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में वरिष्ठ पत्रकारों, साहित्यकारों एवं मीडिया जगत से जुड़े अनेक गणमान्य व्यक्तियों ने प्रतिभाग किया तथा वर्तमान समय में पत्रकारिता के सामने मौजूद चुनौतियों और अवसरों पर विस्तार से विचार-विमर्श किया।
कार्यक्रम की शुरुआत करते हुए उत्तरांचल प्रेस क्लब के अध्यक्ष अजय राणा ने सभी पत्रकारों को हिंदी पत्रकारिता दिवस की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने उपस्थित सदस्यों को एक महत्वपूर्ण एवं सुखद समाचार देते हुए बताया कि प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी तथा महानिदेशक, सूचना एवं लोक संपर्क विभाग के सहयोग से उत्तरांचल प्रेस क्लब के बहुप्रतीक्षित भवन निर्माण हेतु निविदा प्रक्रिया जारी कर दी गई है।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि अपर निदेशक, सूचना एवं लोक संपर्क विभाग डॉ. आशीष त्रिपाठी ने कहा कि पत्रकारिता लोकतंत्र का मजबूत स्तंभ है। बदलते तकनीकी दौर में जहां सूचना का प्रवाह अत्यंत तेज हो गया है, वहीं पत्रकारों की जिम्मेदारी भी पहले से अधिक बढ़ गई है।
विशिष्ट अतिथि वरिष्ठ साहित्यकार डॉ. जितेन ठाकुर ने कहा कि साहित्य और पत्रकारिता दोनों ही समाज के दर्पण हैं। साहित्य जहां समाज की संवेदनाओं को अभिव्यक्ति देता है, वहीं पत्रकारिता जनमानस की आवाज को शासन-प्रशासन तक पहुंचाने का कार्य करती है।
विशिष्ट अतिथि वरिष्ठ साहित्यकार एवं जनकवि डॉ. अतुल शर्मा ने कहा कि आज के डिजिटल युग में पत्रकारिता के स्वरूप में व्यापक परिवर्तन आया है, लेकिन पत्रकारिता के मूल मूल्य आज भी उतने ही महत्वपूर्ण हैं जितने पहले थे।
उत्तरांचल प्रेस क्लब के संस्थापक अध्यक्ष डॉ. देवेन्द्र भसीन ने कहा कि वर्तमान समय में पत्रकारों को अनेक चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे समय में पत्रकारिता की गरिमा और विश्वसनीयता को बनाए रखना सबसे बड़ी जिम्मेदारी है। पूर्व अध्यक्ष दर्शन सिंह रावत ने कहा कि पत्रकारिता केवल एक पेशा नहीं बल्कि जनसेवा का माध्यम है। पत्रकारों को सदैव निष्पक्षता और जनहित को सर्वाेपरि रखते हुए अपने दायित्वों का निर्वहन करना चाहिए।
कार्यक्रम के मुख्य वक्ता दैनिक जागरण के संपादक मनोज झा ने कहा कि आज पत्रकारिता अभूतपूर्व परिवर्तन के दौर से गुजर रही है। सोशल मीडिया और डिजिटल प्लेटफॉर्म के बढ़ते प्रभाव के बीच मुख्यधारा की पत्रकारिता के सामने विश्वसनीयता बनाए रखने की चुनौती है।
मुख्य वक्ता वरिष्ठ साहित्यकार एवं पत्रकार सोमवारी लाल उनियाल ने कहा कि पूर्व में पत्रकारिता एक मिशन के रूप में की जाती थी, जिसमें समाज और राष्ट्रहित सर्वाेपरि होता था। उन्होंने कहा कि आज भी पत्रकारों को उसी प्रतिबद्धता और समर्पण के साथ कार्य करने की आवश्यकता है।
उत्कृष्ट योगदान देने वाले सोमवारी लाल उनियाल, अविकल थपलियाल, डॉ. मोहन बुलानी, विकास गुसाईं, भूपेन्द्र सिंह राणा, पकंज पंवार, केदार दत्त, सुनील नवप्रभात, सुमन सेमवाल, रोबिन सिंह चौहान, महेश पाण्डेय, अनिल थापा चटर्जी, माधुरी दानू, अलका त्यागी, रविन्द्र थलवाल, राकेश रावत, आदर्श भट्ट, दीपक कैंतुरा पत्रकारों को सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम का संचालन प्रेस क्लब महामंत्री योगेश सेमवाल ने किया।

